मेंटल हेल्थ काउंसलर की पहल जिला अस्पताल में स्टाफ नर्सों को व्यवहार एवं संवाद कौशल का प्रशिक्षण, मरीजों को मिलेगी बेहतर स्वास्थ्य सेवा

बैकुंठपुर। जिला चिकित्सालय बैकुंठपुर में मरीजों को गुणवत्तापूर्ण, सम्मानजनक और संवेदनशील स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से स्टाफ नर्सों के लिए व्यवहार, प्रभावी संवाद कौशल एवं तनाव प्रबंधन विषय पर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। प्रशिक्षण का संचालन मानसिक स्वास्थ्य परामर्शदाता (मेंटल हेल्थ काउंसलर) द्वारा किया जा रहा है।प्रशिक्षण के दौरान स्टाफ नर्सों को मरीजों एवं उनके परिजनों के साथ सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार, प्रभावी संवाद स्थापित करने की तकनीक, कठिन परिस्थितियों में धैर्य एवं संयम बनाए रखने, कार्यस्थल पर सकारात्मक माहौल विकसित करने, टीम भावना को मजबूत करने तथा मानसिक स्वास्थ्य के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि बेहतर व्यवहार और प्रभावी संवाद मरीजों का विश्वास बढ़ाने के साथ-साथ उपचार की गुणवत्ता और संतुष्टि में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।प्रशिक्षण की खास बात यह है कि स्टाफ नर्सों को छोटे-छोटे समूहों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे प्रत्येक प्रतिभागी की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हो सके और व्यवहारिक विषयों पर अभ्यास भी कराया जा सके। यह प्रशिक्षण चरणबद्ध तरीके से आयोजित किया जाएगा, ताकि जिला चिकित्सालय के सभी स्टाफ नर्स इससे लाभान्वित हो सकें।इस अवसर पर सिविल सर्जन सह मुख्य चिकित्सा अधिकारी आयुष जायसवाल ने कहा कि अस्पताल आने वाला प्रत्येक मरीज सम्मान, संवेदनशीलता और बेहतर व्यवहार का अधिकारी है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कर्मियों के लिए नियमित रूप से व्यवहार एवं संवाद कौशल का प्रशिक्षण आवश्यक है और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाएंगे, जिससे अस्पताल की सेवाओं की गुणवत्ता और मरीजों की संतुष्टि में लगातार सुधार हो। जिला चिकित्सालय प्रशासन ने सभी स्टाफ नर्सों से प्रशिक्षण में प्राप्त ज्ञान को अपने दैनिक कार्य में अपनाकर मरीज-केंद्रित और मानवीय स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने की अपील की।