प्रभारी मंत्री ने किया वृक्षारोपण और कछुआ संरक्षण केंद्र का उद्घाटन

स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ प्रभारी मंत्री

स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने भी रोपे पौधे

अलीगढ। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिले में पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता संवर्धन का प्रेरक संदेश दिया गया। प्रदेश के मा0 गन्ना विकास एवं चीनी मिल मंत्री और जनपद प्रभारी मंत्री श्री लक्ष्मी नारायण चैधरी ने मुकुंदपुर स्थित वन चेतना केंद्र में पीपल का पौधा रोपकर विशेष वृक्षारोपण अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने नवस्थापित कछुआ संरक्षण केंद्र का फीता काटकर उद्घाटन भी किया। कार्यक्रम में अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय नागरिकों ने पौधे भेंट कर उनका स्वागत किया। विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता संवर्धन और जनभागीदारी के माध्यम से हरित एवं स्वस्थ भविष्य के निर्माण के संकल्प का सशक्त प्रतीक बनकर उभरा।मा0 प्रभारी मंत्री श्री लक्ष्मी नारायण चैधरी ने कहा कि भारतीय संस्कृति में प्रकृति को माता का स्वरूप माना गया है। मानव जीवन पंचतत्वों पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश से निर्मित है, जिनमें वायु का स्थान सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि वृक्ष ही जीवनदायिनी वायु के प्रमुख स्रोत हैं और पृथ्वी पर जीवन के अस्तित्व के लिए उनका संरक्षण आवश्यक है। उन्होंने सभी नागरिकों से अधिकाधिक वृक्षारोपण करने और लगाए गए पौधों के संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रकृति का ऋण चुकाने का सबसे सरल माध्यम वृक्ष लगाना है। पीपल जैसे वृक्ष पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने वन चेतना केंद्र को और अधिक विकसित करने के लिए सोलर पंप स्थापना का प्रस्ताव रखा, जिस पर क्षेत्रीय विधायक अनिल पाराशर ने सहयोग का आश्वासन दिया।मा0 अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती विजय सिंह ने कहा कि प्रकृति और पर्यावरण का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे केवल हरियाली ही नहीं, बल्कि औषधीय और जीवनरक्षक संपदा भी हैं। मा0 एमएलसी डा0 मानवेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी दायित्व नहीं, बल्कि जनभागीदारी का विषय है। उन्होंने सभी नागरिकों से पर्यावरण को स्वच्छ, सुरक्षित और संरक्षित रखने का संकल्प लेने का आह्वान किया।मा0 विधायक कोल श्री अनिल पाराशर ने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस और मा0 मुख्यमंत्री के जन्मदिवस के अवसर पर आयोजित यह कार्यक्रम विशेष महत्व रखता है। उन्होंने वन चेतना केंद्र मुकुंदपुर को और अधिक दिव्य एवं भव्य बनाने के लिए सभी से सहयोग की अपील की।प्रभागीय वनाधिकारी शिवम कुमार ने कहा कि कछुआ संरक्षण केंद्र का उद्घाटन प्रदेश सरकार की पर्यावरण एवं जैव विविधता संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा नदियों के पुनर्जीवन, व्यापक वृक्षारोपण और हरित आवरण बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे हीट वेव जैसी चुनौतियों को कम किया जा सके। पौधा रोपण कार्यक्रम में हीरालाल बारहसैनी इंटर कॉलेज के एनसीसी कैडेट्स और स्कूली छात्राओं ने भी प्रतिभाग किया।कार्यक्रम में मा0 जिलाध्यक्ष श्री कृष्ण पाल सिंह, शिव नारायण शर्मा, ई. राजीव शर्मा, निखिल माहेश्वरी, विजय विक्रम, प्रदीप चैधरी, जिलाधिकारी अविनाश कुमार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन, मुख्य विकास अधिकारी योगेंद्र कुमार, परियोजना निदेशक भालचंद्र त्रिपाठी, जॉइंट मजिस्ट्रेट आयुष जायसवाल, डीआईओएस डॉ0 पूरन सिंह, डीपीआरओ यतेंद्र सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।