दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का शानदार प्रदर्शन, माल राजस्व और एनटीकेएम में बनाए नए कीर्तिमान

बिलासपुर। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में माल ढुलाई के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल करते हुए देश के औद्योगिक विकास को नई गति दी है। रेलवे ने महज 355 दिनों में ही अब तक का सर्वाधिक ?ऑरिजिनेटिंग फ्रेट रेवेन्यू? अर्जित कर नया रिकॉर्ड कायम किया है, जो पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में 10 दिन पहले हासिल किया गया।

22 मार्च 2026 तक दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने ₹29,493.59 करोड़ का रिकॉर्ड माल राजस्व अर्जित किया है। इस उपलब्धि के साथ यह ज़ोन भारतीय रेल में सबसे अधिक माल राजस्व अर्जित करने वाला ज़ोन बन गया है और कुल माल राजस्व में इसका 17.13% योगदान दर्ज किया गया है। साथ ही पिछले वर्ष की तुलना में 3.6% (₹1026 करोड़) की वृद्धि भी दर्ज की गई है।

सिर्फ राजस्व ही नहीं, बल्कि नेट टन किलोमीटर (NTKM) के क्षेत्र में भी रेलवे ने उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। 20 मार्च 2026 को 354 दिनों में सर्वाधिक एनटीकेएम हासिल करते हुए एक और कीर्तिमान स्थापित किया गया, जो पिछले वर्ष से 11 दिन पहले है। 22 मार्च 2026 तक 146.75 बिलियन एनटीकेएम का आंकड़ा पार कर दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने भारतीय रेल में प्रथम स्थान हासिल किया है। इस दौरान 5.4 बिलियन एनटीकेएम (3.8%) की वृद्धि भी दर्ज की गई।

रेलवे द्वारा अधोसंरचना विकास के कार्य भी तेज़ी से किए जा रहे हैं। कई प्रमुख रेलखंडों पर तीसरी और चौथी लाइन की कमीशनिंग से ट्रेनों की गति और परिचालन क्षमता में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, जिससे माल परिवहन अधिक सुगम और समयबद्ध हुआ है।

यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रेलवे द्वारा त्योहारों और छुट्टियों के दौरान विशेष ट्रेनों का संचालन कर अतिरिक्त भीड़ को नियंत्रित किया जा रहा है और यात्रियों को अधिक सीटें उपलब्ध कराई जा रही हैं।

इन उपलब्धियों का श्रेय दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के अधिकारियों और कर्मचारियों की मेहनत, कुशल प्रबंधन और बेहतर संचालन प्रणाली को जाता है। महाप्रबंधक तरुण प्रकाश के नेतृत्व में रेलवे लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है।

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन जारी रखते हुए वह भारतीय रेल और देश के औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहेगा।