ग्राम सागरपुर में मनरेगा निर्माण कार्यों में सूचना पटल नहीं, पारदर्शिता पर उठे सवाल

बैकुंठपुर। जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत सागरपुर में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत संचालित निर्माण कार्यों में सूचना पटल नहीं लगाए जाने का मामला सामने आया है। नियमानुसार प्रत्येक कार्यस्थल पर सूचना पटल लगाना अनिवार्य है, लेकिन ग्राम पंचायत सागरपुर में हो रहे रिटर्निंग वॉल निर्माण कार्य में सूचना पटल की अनदेखी कर कार्य किया जा रहा है जिससे पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। जानकारी के अनुसार मनरेगा के दिशा-निर्देशों में स्पष्ट उल्लेख है कि प्रत्येक स्वीकृत कार्य के स्थल पर सूचना पटल लगाया जाना चाहिए। इस पटल पर कार्य का नाम, स्वीकृत राशि, मजदूरी एवं सामग्री मद की राशि, कार्य प्रारंभ एवं समाप्ति तिथि, संबंधित ग्राम पंचायत का नाम तथा तकनीकी सहायक की जानकारी अंकित रहना आवश्यक है। इसका उद्देश्य आम नागरिकों और मजदूरों को कार्य की पूरी जानकारी उपलब्ध कराना तथा सामाजिक अंकेक्षण को सशक्त बनाना है स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि कई निर्माण स्थलों पर सूचना पटल नहीं लगाए गए हैं, जिससे कार्य की लागत और गुणवत्ता को लेकर संदेह उत्पन्न हो रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि यदि सूचना सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित नहीं होगी तो योजना की पारदर्शिता प्रभावित होगी और अनियमितताओं की आशंका बढ़ेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि सूचना पटल न लगाना मनरेगा के पारदर्शिता प्रावधानों का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में संबंधित ग्राम पंचायत एवं जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जा सकती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सभी मनरेगा कार्यों की जांच कर नियमानुसार सूचना पटल अनिवार्य रूप से लगाए जाएं, ताकि योजना का लाभ सही पात्रों तक पारदर्शी तरीके से पहुंच सके।