बेहद शर्मनाक-बेहद दर्दनाक,बेहद मर्मान्तक,निर्मम खाकी 

पुलिस अमले का अमानवीय चेहरा फिर आया सामने.!

रसूखदारों पर बस नहीं चलता, 'गरीब-गुरबों' पर आए दिन जोर आजमाइश कर रौब झाड़ती है "खाकी गैंग'

बेहद शर्मनाक-बेहद दर्दनाक,बेहद मर्मान्तक,निर्मम खाकी

#हरदोई:
.
जिनसे दया,सुरक्षा की उम्मीदें बांधी वे तो बेहद निर्मम निकले। उन्हें दया तो दूर ये डर भी नहीं सताया कि अगर इस थर्ड डिग्री से आरोपी को कुछ हो गया
तो ऊपर क्या जवाब देंगे?, सरकार और सूबे मुखिया महंत योगी बाबा के छवि की कितनी छीछालेदर होगी?, हमारे अपने महकमे की कितनी बदनामी होगी?, हम पर क्या कार्रवाई होगी? कुछ फिक्र नाहीं और पुलिस कर्मी ऐसे अलमस्त हो थर्ड डिग्री पटा पीड़ित युवक पर रफ्तार से चलता रहा। आरोपी रोता रहा, गिड़गिड़ाता रहा लेकिन अमले का दिल नहीं पसीजा। पसीजे भी कैसे? पसीजने की भी तो कोई कीमत होती है न?

गुनाह कबूल करवाने के लिए पुलिसवालों ने दिया थर्ड डिग्री टॉर्चर
.
फोन पर बातचीत के दौरान गाली गलौज के मामले में बेनीगंज पुलिस पर आरोप लगा है कि आरोपी को गुनाह कबूल कराने के लिए थर्ड डिग्री टॉर्चर किया गया। इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कथित रूप से पुलिस ने आरोपी को मानसिक और शारीरिक दबाव में रखा ताकि वह अपनी गलती स्वीकार कर ले। यह घटना स्थानीय लोगों के बीच चिंता का विषय बनी हुई है और पुलिस के नक्शेकदम पर सोशल मीडिया में गंभीर बहस हो रही है। बताते चलें कि कोतवाली बेनीगंज क्षेत्र के शुक्लापुर निवासी 20 वर्षीय हरिओम शुक्ला पुत्र मदन गोपाल शुक्ला के बताए मुताबिक उनकी दो माह पूर्व कछौना थाना अंतर्गत एक गांव निवासी महिला से फोन पर बातचीत के कॉल रिकॉर्डिंग अटवा भदसेन गांव निवासी उसके रिश्ते में देवर अनीत वर्मा पुत्र अज्ञात के हांथ लगने पर कथित कोथावां निवासी पत्रकार लालजीत वर्मा ने हरिओम से धन की मांग करते हुए एससीएसटी एक्ट में न फंसाने की बात कहीं पर पैसा न देने की बात पर अनीत वर्मा ने कोतवाली बेनीगंज में हरिओम के खिलाफ अपनी नाबालिक पुत्री से गाली गलौज के मामले को लेकर लिखित तहरीर पर हरिओम के घर पहुंची बेनीगंज पुलिस ने उसे कोतवाली आने को कहा, जहां बृहस्पतिवार की सुबह कोतवाली पहुंचे हरिओम को वहां पूर्व से मौजूद लालजीत वर्मा, अनीत वर्मा व उनके कई साथियों ने दबाव बनाने का प्रयास किया। मामला बढ़ता देख इंस्पेक्टर ओम प्रकाश सरोज ने हरिओम पर उपरोक्त मामले के बाबत कार्रवाई की बात कही और कहीं निकल गए तत्पश्चात कोतवाली में मौजूद मुंशी तेजवीर सहित अन्य सिपाहियों ने मुकदमा न लिखने और मामले को रफा दफा करने के एवज में मोटी रकम देने की बात कही। जिसे हरिओम द्वारा मना करने पर उपरोक्त सिपाहियों द्वारा उसे थर्ड डिग्री टॉर्चर कर संडीला उप मजिस्ट्रेट के समक्ष भेज दिया गया। वहीं हरिओम के बताए अनुसार कोतवाली में मार पिटाई के दौरान तथा कथित पत्रकार एवं उसके साथियों द्वारा उसका वीडियो भी बनाया गया। (द टेलीकास्ट) की पड़ताल अनुसार महिला द्वारा स्पष्ट तौर से किसी अन्य व्यक्ति से काल रिकॉर्डिंग बातचीत आदि से साफ इनकार कर दिया गया। उसके द्वारा यह भी कहा गया कि हमारा किसी से कोई बातचीत जैसा मामला ही नहीं है उसे बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है। जिसके बयान वीडियो सुरक्षित है। वहीं इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं। पूछे जाने पर क्षेत्राधिकारी हरियावां अजीत सिंह ने कहा मामले की जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की जाएगी।

पुलिस कर्मियों की हठधर्मिता ने सरकार की साख पर पोती कालिख

🔳बेनीगंज पुलिस कर्मियों द्वारा आरोपी को गुनाह कबूल कराने के लिए थर्ड डिग्री टॉर्चर ने पुलिस प्रशासन के संवेदनहीन चेहरे का खुलासा कर दिया है। जो - सीधे तौर पर आरोपी परिजनों के जख्मों पर नमक - छिड़कने जैसा है। पुलिस की इस हठधर्मिता से भाजपा सरकार की छवि पर गहरा दाग लग गया। पुलिस प्रशासन की इस नृशंस जिद ने यह साबित कर दिया है कि उसे आम आदमी की जान से ज्यादा अपने आंकड़ों की बाजीगरी प्यारी है। गुनाह कबूल करवाने की यह कोशिश न केवल अमानवीय है, बल्कि एक जिम्मेदार पद पर बैठे अधिकारी की घोर विफलता है, जिसने पूरी सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया है!

#MYogiAdityanath #UPPolice #HardoiPolice #highlight