एक सप्ताह बाद फिर गूंजे 'जय माता दी' के जयकारे, 15,500 श्रद्धालु दर्शन के लिए रवाना

कटड़ा। लगातार एक सप्ताह तक खराब मौसम और सुरक्षा कारणों से स्थगित रहने के बाद शनिवार को श्री माता वैष्णो देवी यात्रा दोबारा शुरू हो गई। मौसम में आंशिक सुधार के बाद श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड प्रशासन ने सुबह करीब सात बजे यात्रा बहाल करने का निर्णय लिया। यात्रा शुरू होने की खबर मिलते ही कटड़ा में मौजूद श्रद्धालुओं में उत्साह की लहर दौड़ गई और बड़ी संख्या में श्रद्धालु पंजीकरण केंद्रों पर पहुंच गए।

सुबह करीब साढ़े आठ बजे अचानक तेज बारिश शुरू होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से लगभग डेढ़ घंटे के लिए यात्रा पंजीकरण अस्थायी रूप से रोक दिया गया। हालांकि बारिश थमने के बाद सुबह करीब दस बजे पंजीकरण प्रक्रिया फिर से शुरू कर दी गई। इसके बाद श्रद्धालु परिवारों के साथ 'जय माता दी' के जयकारों के बीच भवन की ओर रवाना होने लगे।

शाम छह बजे तक करीब 15,500 श्रद्धालु पंजीकरण कराकर माता के दर्शन के लिए प्रस्थान कर चुके थे। एक सप्ताह बाद यात्रा शुरू होने से कटड़ा में श्रद्धालुओं का उत्साह देखने लायक था। माथे पर 'जय माता दी' की पट्टी, हाथों में लाठी और बरसाती ओढ़े श्रद्धालु पूरे जोश और श्रद्धा के साथ यात्रा पर निकले।

श्राइन बोर्ड ने फिलहाल श्रद्धालुओं को पारंपरिक यात्रा मार्ग से ही यात्रा करने की सलाह दी है। सुरक्षा कारणों से बैटरी कार मार्ग और ताराकोट मार्ग अभी बंद रखे गए हैं। इन मार्गों पर सफाई और आवश्यक मरम्मत का कार्य तेजी से चल रहा है। मौसम पूरी तरह सामान्य होने के बाद इन्हें खोलने पर निर्णय लिया जाएगा।

श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए यात्रा मार्ग पर एसडीआरएफ, आपदा प्रबंधन दल, सीआईएसएफ, जम्मू-कश्मीर पुलिस, सीआरपीएफ तथा श्राइन बोर्ड के अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए हैं। प्रशासन लगातार मौसम की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए सावधानीपूर्वक यात्रा करें।