दिल्ली किसान घाट जाने से पहले भाकियू (चढूनी) जिला अध्यक्ष समेत कई कार्यकर्ता हिरासत में, लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन का लगाया आरोप

पीलीभीत, 21 जुलाई 2026। भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह कहलो ने आरोप लगाया है कि 21 जुलाई को "देश बचाओ किसान मोर्चा" के आह्वान पर दिल्ली स्थित किसान घाट जाने के लिए निकले किसानों को पुलिस ने रास्ते में रोककर हिरासत में ले लिया।

रंजीत सिंह कहलो के अनुसार, 20 जुलाई की दोपहर से ही पुलिस सादे कपड़ों में उनके एवं अन्य पदाधिकारियों के घरों के आसपास निगरानी करती रही। उन्होंने बताया कि पुलिस से बचते हुए कार्यकर्ता निजी वाहन से पीलीभीत पहुंचे, वहां से वाहन बदलकर बिजौरिया स्टेशन और फिर बरेली सिटी होते हुए पैदल बरेली जंक्शन पहुंचे। उनका कहना है कि रात लगभग 9 बजे दिल्ली जाने वाली सरयू एक्सप्रेस के आने से कुछ मिनट पहले ही पुलिस ने मोबाइल लोकेशन के आधार पर उन्हें और उनके साथियों को हिरासत में ले लिया।

भाकियू (चढूनी) नेताओं का आरोप है कि उन्हें पुलिस वाहनों से वापस ले जाया गया। उन्होंने थाना माधोटांडा जाने से इनकार किया, जिसके बाद देर रात उन्हें उनके घरों पर ही पुलिस निगरानी में रखा गया। रंजीत सिंह कहलो ने बताया कि उनके साथ जितेंद्र सिंह, त्रिलोचन सिंह, अमरीक सिंह सहित कई अन्य कार्यकर्ता भी मौजूद थे।

जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह कहलो ने इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताते हुए कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से अपनी बात रखने का अधिकार प्रत्येक नागरिक को है। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को दिल्ली जाने से रोकना लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है।

हालांकि, इस संबंध में पुलिस प्रशासन की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक बयान प्राप्त नहीं हो सका है।