फिरोजपुर मंडल की सख्ती: बेवजह ट्रेन की चेन खींचना पड़ेगा भारी, जुर्माना और जेल दोनों का प्रावधान

फिरोजपुर मंडल की सख्ती: बेवजह ट्रेन की चेन खींचना पड़ेगा भारी, जुर्माना और जेल दोनों का प्रावधान

एक दिन में सामने आए 16 मामले, यात्रियों को जागरूक करने के लिए रेलवे चला रहा विशेष अभियान

फिरोजपुर। फिरोजपुर मंडल ने ट्रेनों में लगातार हो रही अनावश्यक अलार्म चेन पुलिंग की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए यात्रियों के लिए जागरूकता अभियान शुरू किया है। रेलवे प्रशासन ने साफ किया है कि बिना किसी वैध कारण ट्रेन की चेन खींचना कानूनन अपराध है और ऐसा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार ट्रेन के प्रत्येक कोच में आपातकालीन स्थिति में ट्रेन रोकने के लिए अलार्म चेन की सुविधा दी जाती है, लेकिन कई यात्री इसका गलत इस्तेमाल करते हैं। 24 जून 2026 को फिरोजपुर मंडल में चेन पुलिंग से जुड़े 16 मामले सामने आए, जिनमें से 7 मामलों में औपचारिक मुकदमा दर्ज किया गया।

रेलवे ने बताया कि बिना उचित कारण अलार्म चेन खींचना भारतीय रेल अधिनियम की धारा 141 के तहत दंडनीय अपराध है। नियमों के अनुसार दोषी पाए जाने पर 1,000 रुपये तक जुर्माना, एक वर्ष तक की जेल या दोनों सजा एक साथ दी जा सकती है।

अनावश्यक चेन पुलिंग की घटनाओं को रोकने के लिए रेलवे ने अब ट्रेनों में लगे अलार्म चेन हैंडल पर पारदर्शी सुरक्षा कवर लगाना शुरू कर दिया है। इसके साथ ही यात्रियों को जागरूक करने के लिए कोचों में चेतावनी संबंधी स्टिकर भी लगाए जा रहे हैं, ताकि लोग नियमों को समझें और बिना वजह इसका उपयोग न करें।

रेलवे प्रशासन यात्रियों को लगातार यह जानकारी दे रहा है कि अलार्म चेन का उपयोग केवल वास्तविक आपातकालीन परिस्थितियों में ही किया जाना चाहिए। बिना वजह चेन खींचने से न केवल कानून का उल्लंघन होता है बल्कि हजारों यात्रियों की यात्रा प्रभावित होती है और रेल सेवाओं के सुचारु संचालन में बाधा आती है।

यात्रियों से अपील की है कि वे रेल यात्रा के दौरान नियमों का पालन करें और अलार्म चेन का इस्तेमाल केवल आपात स्थिति में ही करें, ताकि यात्रियों की सुरक्षा, संरक्षा और निर्बाध रेल संचालन सुनिश्चित किया जा सके।