लखनऊ कोचिंग अग्निकांड में मृत छात्रों को दी श्रद्धांजलि, परिजनों को 50 लाख मुआवजा देने की मांग

कासगंज। लखनऊ में हुए कोचिंग अग्निकांड में जान गंवाने वाले छात्र-छात्राओं की स्मृति में बुधवार को जिला कांग्रेस कमेटी विधि विभाग के चेयरमैन एवं अधिवक्ता सत्येंद्र पाल सिंह बैस के कार्यालय पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान अधिवक्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर मृतकों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।

सभा को संबोधित करते हुए सत्येंद्र पाल सिंह बैस ने कहा कि लखनऊ कोचिंग अग्निकांड अत्यंत दुखद, हृदयविदारक और दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। उन्होंने मृत सभी छात्र-छात्राओं के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्माओं को शांति तथा उनके परिजनों को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।

उन्होंने कहा कि सिस्टम की अनियमितता और लापरवाही के कारण देश के युवाओं का भविष्य खतरे में पड़ रहा है। यदि संबंधित कोचिंग संस्थान सुरक्षा मानकों के अनुरूप बना होता और वहां पर्याप्त अग्निशमन व्यवस्था होती, तो संभवतः इतनी बड़ी जनहानि नहीं होती। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं प्रशासनिक उदासीनता और व्यवस्था की विफलता को उजागर करती हैं। हादसे में जान गंवाने वाले छात्र-छात्राएं 18 से 22 वर्ष आयु वर्ग के थे, जो देश का भविष्य और अपने परिवारों की उम्मीद थे।

बैस ने कहा कि जिन परिवारों ने अपने बच्चों को खोया है, उनके दुख की कल्पना करना भी कठिन है। उन्होंने सरकार से मांग की कि मृतक छात्र-छात्राओं के परिजनों को 50 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाए तथा प्रत्येक परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कोचिंग संस्थानों एवं अन्य सार्वजनिक भवनों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाए।

श्रद्धांजलि सभा में धर्मेश शर्मा, सत्यवीर सिंह, अंजुम राहत, आशीष चौहान, अयोध्या प्रसाद, प्रमोद सक्सेना, निर्मल वर्मा, यासीन, राजेंद्र सागर, मोहम्मद अयाज, नरेंद्र शर्मा, सत्यम शर्मा, हेमंत भारद्वाज, राज, अब्दुल मावूद, फिरोज, जावेद, शादाब, मोहित बघेल, मुकीम, केशव मिश्रा, फैसल, नदीम, धारा सिंह और अभिषेक कुमार सिंह सहित अनेक अधिवक्ता उपस्थित रहे।