हरदोई में शिल्पी हत्याकांड का मुद्दा गरमाया, अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर दिया न्याय का भरोसा, बोले- इस घटना में बुलडोजर और लंगड़ा ऑपरेशन क्यों नहीं चला

हरदोई। मल्लावां थाना क्षेत्र के गढ़ी रसूलपुर गांव में हुए शिल्पी कुशवाहा हत्याकांड के मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव गुरुवार को पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले मृतका को श्रद्धांजलि अर्पित की और करीब 45 मिनट तक परिजनों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनी।
परिजनों ने अखिलेश यादव के सामने अपनी आपबीती रखते हुए मामले की सीबीआई जांच, आरोपियों को फांसी की सजा, उनके घरों पर बुलडोजर चलाने और संपत्ति कुर्क करने की मांग की। मृतका के भाई ने आरोप लगाया कि आरोपी दबंग हैं और उन्हें सत्ता का संरक्षण मिला हुआ था। उन्होंने बताया कि कई बार एसपी, सीओ और थाने में शिकायत की गई, लेकिन समय रहते कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद रहे। हालांकि, पुलिस ने आरोपी ऋषभ द्विवेदी और उसके पिता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, फिर भी परिजन कड़ी कार्रवाई और एनकाउंटर की मांग कर रहे हैं।
इस दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि "जो मांग पीड़ित परिवार की है, वही मेरी मांग है।" उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पहले घटनाओं को दबाने का प्रयास करती है और बाद में चर्चा में आने पर कार्रवाई की बात करती है। उन्होंने कहा कि लखीमपुर, प्रतापगढ़, गाजीपुर और हरदोई जैसी घटनाओं में भी सख्त कार्रवाई नहीं हुई। अभी तक परिवार को न्याय नहीं मिला है, जिस तरह से हर घटना में बुलडोजर और लंगड़ा ऑपरेशन चलाते है। सरकार क्यों पीछे हट रही हैं।
अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार को हरसंभव न्याय दिलाने का आश्वासन दिया और 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता भी सौंपी। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी पीड़ितों के साथ खड़ी है और न्याय की लड़ाई जारी रखेगी।