खून का प्यासा हुआ तेंदुआ 24 घंटे में दूसरा हमला — मासूम को जबड़े में दबाकर खेत में खींचा

खून का प्यासा हुआ तेंदुआ 24 घंटे में दूसरा हमला ? मासूम को जबड़े में दबाकर खेत में खींचा

उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जनपद के कांठ क्षेत्र में इन दिनों तेंदुए का खौफ चरम पर है 24 घंटे के भीतर दूसरी वारदात ने पूरे इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है ताजा मामला ग्राम मिश्रीपुर का है जहां एक 10 वर्षीय मासूम बच्ची दीपांशी पर तेंदुए ने उस वक्त हमला कर दिया जब वह अपने घर के आंगन में मौजूद थी।

ग्राम मिश्रीपुर में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब अचानक एक तेंदुआ गांव में घुस आया और घर के बाहर खेल रही दीपांशी पर झपट पड़ा। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तेंदुए ने बच्ची को अपने जबड़े में दबोच लिया और उसे घसीटते हुए पास के गन्ने के खेत की ओर ले जाने लगा।

इसी दौरान बच्ची के भाई विशाल ने साहस दिखाते हुए जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया। शोर सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़ पड़े और तेंदुए का पीछा किया। लोगों की भीड़ और हिम्मत के आगे तेंदुआ बच्ची को छोड़कर मौके से फरार हो गया। हालांकि तब तक दीपांशी गंभीर रूप से घायल हो चुकी थी और उसके शरीर पर गहरे घाव हो गए।

घायल बच्ची को तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार बच्ची की हालत नाजुक लेकिन स्थिर बनी हुई है।

गौरतलब है कि इससे महज 24 घंटे पहले कांठ क्षेत्र के महदूद कलमी गांव में भी तेंदुए ने एक अन्य मासूम पर हमला किया था। लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीणों में दहशत के साथ-साथ आक्रोश भी बढ़ता जा रहा है।

ग्रामीणों का गुस्सा :

घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि क्षेत्र में तेंदुए की मौजूदगी की सूचना पहले से दी जा रही थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों ने जल्द से जल्द तेंदुए को पकड़कर पिंजरे में कैद करने की मांग की है।

प्रशासनिक स्थिति :

सूचना मिलते ही वन विभाग और स्थानीय पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है। आसपास के गांवों में अलर्ट जारी कर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

बाइट : अवनीश कुमार (परिजन)

?बच्ची घर के बाहर खेल रही थी, तभी अचानक तेंदुआ आया और उसे उठा ले गया। हम लोगों ने शोर मचाया, तब जाकर गांव वाले इकट्ठा हुए और किसी तरह बच्ची की जान बच सकी।?

बाइट : डॉ. सुंदर पाल (चिकित्सक)

?बच्ची को गंभीर चोटें आई हैं, खासकर गर्दन और शरीर के ऊपरी हिस्से में। फिलहाल उसका इलाज जारी है और डॉक्टरों की टीम लगातार निगरानी कर रही है।?