प्रबंधन समिति विद्यालय के विकास की धूरी, विद्यालय प्रबंधन समिति का दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर सम्पन्न

समग्र शिक्षा के उद्देश्यों की प्राप्ति एवं शिक्षा के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने के लिए राजस्थान सरकार द्वारा विभिन्न प्रकार के नवाचार किए जाते हैं। उनमें से एक है विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों का दो दिवसीय प्रशिक्षण ताकि विद्यार्थियों का नामांकन और ठहराव सुनिश्चित हो एवं विद्यालय में मूलभूत सुविधाएं, स्वच्छ वातावरण, राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का सफल क्रियान्वयन, समुदाय व अभिभावकों का विद्यालयों के प्रति लगाव और उनके दायित्व की जानकारी दी जा सके। इसी नवाचार के तहत दो दिवसीय शाला प्रबंधन समिति का प्रशिक्षण श्रीगंगानगर के ब्लॉक श्रीकरणपुर के गांव 40एफ स्थित पीएम श्री विद्यालय राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में किया गया। प्रशिक्षण का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र के समक्ष धूप दीपदान के द्वारा एसएमसी अध्यक्ष मनजीत सिंह, प्रधानाध्यापक राजेंद्र आनंद, वार्ड पंच हरप्रीत कौर, बबली रानी, संदर्भ व्यक्ति कन्हैया लाल वरिष्ठ अध्यापक खरलां ने किया। शिक्षक मांगीलाल ने प्रार्थना और प्रेरक गीत सुनाकर प्रबंधन समिति सदस्यों का स्वागत किया। दो दिवसीय प्रशिक्षण में संदर्भ व्यक्ति ने निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम 2009, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के मुख्य उद्देश्य बाल संरक्षण, लाडो योजना, अक्षय पेटिका, स्वच्छ भारत मिशन, स्वच्छ जल, जेंडर संवेदनशीलता, हरित विद्यालय, बालिका शिक्षा, वार्षिक कार्य योजना, समुदाय गतिशीलता, मिड डे मील एवं बाल गोपाल योजना, जन सहयोग ज्ञान संकल्प पोर्टल, इत्यादि की जानकारी दी और कहा कि किसी भी विद्यालय के सर्वांगीण विकास में प्रबंधन समिति ही मुख्य धुरी होती है। जो बच्चों की शिक्षा व उनके लिए आवश्यक भौतिक संसाधनों को जुटाने में अपनी महती भूमिका निभाती है। उन्होंने समिति सदस्यों से सुझावों और संवादों का संप्रेषण भी किया गया। प्रधानाध्यापक राजेंद्र कुमार आनंद ने विद्यालय के विभिन्न भामाशाहों की जानकारी और समिति सदस्यों के सराहनीय सहयोग की जानकारी सांझा की। इस अवसर पर भामाशाह स्वर्गीय दरबारा सिंह को याद किया गया। उनके अमेरिका में निवास कर रहे बेटे ने एक लाख पच्चीस हजार रूपये में विद्यालय के प्रवेश द्वार को बनवाया गया। इस सत्र के वार्षिक उत्सव मे नर्सरी, एल के जी, यू के जी के 25 बच्चों के एंव 39 एफ के 11 बच्चों के लिए पी एम श्री लोगो वाले स्कूल बैग भेंट किये एंव प्रवेश द्वार के रंग रोगन के लिए कुल 11000 रूपये राशि दान स्वरूप दी। समाजसेवी ललित बंसल ने बौद्धिक संवर्धन से संबंधित रोचक जानकारी प्रस्तुत की। शारीरिक शिक्षक जसवीर सिंह ने अपने संबोधन में बताया कि गांव के विभिन्न दानदाताओं के सहयोग से विद्यालय में भौतिक संसाधन और सौंदर्यकरण में अभूतपूर्व विकास हुआ है। प्रशिक्षण की समाप्ति पर विद्यालय द्वारा प्रबंधन समिति सदस्यों को प्रतीक चिन्ह देखकर सम्मानित किया गया। समिति सदस्य सोनू, डॉ छिंद्र सिंह, संदीप कुमार व सलेम ने कहा कि समय-समय पर इस प्रकार के प्रशिक्षणों से हमें अपने दायित्व एवं कर्तव्यों का एहसास होने के साथ-साथ हमारे अंदर क्षमता संवर्धन का विकास भी होता है। कार्यक्रम के सफल आयोजन में अरविंद कुमार, ओमप्रकाश, मनीष, रविंद्र कौर व अमनदीप कौर का सराहनीय योगदान रहा।