हरदोई में मूसलाधार बारिश बनी आफत, तीन जगह दीवार-मकान ढहे, बुजुर्ग की मौत और दंपति समेत छह घायल

हरदोई। जिले में लगातार हो रही तेज बारिश से कच्चे मकानों और जर्जर निर्माणों पर संकट बढ़ गया है। मंगलवार तड़के अलग-अलग स्थानों पर दीवार और ईंटों का ढांचा गिरने से तीन हादसे हुए। हादसों में एक बुजुर्ग की मौत हो गई। जबकि दंपति और बच्चों समेत छह लोग घायल हो गए। घायलों को स्थानीय स्वास्थ्य केंद्रों पर ले जाया गया, जहां गंभीर स्थिति वाले लोगों को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। राजस्व विभाग की टीम ने घटनास्थलों पर पहुंचकर नुकसान का जायजा लिया।
पहला हादसा बेनीगंज कोतवाली क्षेत्र के पिपरी गांव में मंगलवार देर रात हुआ। जहां दर्दनाक हादसे में घर के पास बने हाते में सो रहे 72 वर्षीय किसान हरिपाल पुत्र शंकर की कच्ची दीवार गिरने से मौत हो गई। रात करीब दो बजे दीवार भरभराकर उनके ऊपर गिर गई। आवाज सुनकर परिजन पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। डायल 112 टीम व ग्रामीणों ने मलबा हटाकर उन्हें बाहर निकाला, लेकिन तब तक मौत हो चुकी थी। लेखपाल ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया।
दूसरा हादसा लोनार कोतवाली क्षेत्र के बावन कस्बे के बीरमपट्टी मोहल्ले में सुबह करीब चार बजे हुआ। यहां रामकिशोर (47) अपने कच्चे मकान में पत्नी रेखा (45) और बेटियों गुंजन (13) व पुष्पा (7) के साथ छप्पर के नीचे सो रहे थे। रातभर हुई बारिश के कारण मकान की कच्ची दीवार कमजोर हो गई थी। अचानक दीवार भरभराकर छप्पर पर गिर पड़ी, जिससे चारों लोग मलबे में दब गए।
हादसे के बाद चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और कड़ी मशक्कत के बाद सभी को बाहर निकाला। घायलों को सीएचसी ले जाया गया। रामकिशोर की हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। सूचना पर लेखपाल शशिकांत ने मौके पर पहुंचकर क्षति का आकलन किया।
तीसरा हादसा शहर कोतवाली क्षेत्र के सधई बेहटा गांव में सुबह करीब पांच बजे हुआ। ई-रिक्शा चालक मुन्ना (50) के मकान के आगे ईंटों के सहारे टिनशेड बना था। बारिश के कारण ईंटें कमजोर हुईं और अचानक ढह गईं। इसकी चपेट में मुन्ना और उनकी पत्नी खैरुन्निसा (45) आ गए। परिजनों ने दोनों को बाहर निकाला। गंभीर घायल खैरुन्निसा को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जबकि मुन्ना को मामूली चोटें आईं।
प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।