जोगीघोपा मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क को मिली रेल कनेक्टिविटी, पूर्वोत्तर के व्यापारिक द्वार को मिलेगी नई मजबूती

पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने असम के जोगीघोपा रेलवे स्टेशन यार्ड को मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क (एमएमएलपी) के गति शक्ति कार्गो टर्मिनल से जोड़ने वाली रेल लाइन का कार्य पूरा कर लिया है। इस रेल कनेक्टिविटी के शुरू होने से पूर्वोत्तर क्षेत्र में माल ढुलाई, आपूर्ति श्रृंखला और बहु-माध्यम परिवहन व्यवस्था को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।

रेलवे के अनुसार, जोगीघोपा स्टेशन यार्ड और एमएमएलपी गति शक्ति कार्गो टर्मिनल साइडिंग के बीच नॉन-इंटरलॉकिंग का कार्य भी पूरा कर लिया गया है। इससे एमएमएलपी से आने-जाने वाली मालगाड़ियों को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से सीधे जुड़ने का रास्ता मिल गया है। जोगीघोपा स्टेशन की लाइन संख्या 1 और 2 को एमएमएलपी गति शक्ति कार्गो टर्मिनल से जोड़ा गया है, जिससे माल की आवाजाही पहले की तुलना में अधिक सुगम और प्रभावी होगी।

सड़क, रेल, जल और हवाई मार्ग से जुड़ा है जोगीघोपा

ब्रह्मपुत्र नदी के किनारे रणनीतिक रूप से स्थित जोगीघोपा एमएमएलपी असम का पहला मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क है। यहां सड़क, रेल, हवाई और जलमार्गों को एक-दूसरे से जोड़कर माल परिवहन को सुविधाजनक बनाने की व्यवस्था विकसित की गई है।

नई रेल कनेक्टिविटी से जोगीघोपा एमएमएलपी की पूर्वोत्तर के प्रमुख लॉजिस्टिक्स हब के रूप में क्षमता और बढ़ेगी। इससे देश के विभिन्न हिस्सों के साथ-साथ पड़ोसी देशों तक माल पहुंचाने में आसानी होगी। रणनीतिक स्थिति के कारण जोगीघोपा से भूटान और अन्य पड़ोसी देशों के साथ व्यापारिक एवं वाणिज्यिक संपर्क को भी बढ़ावा मिलने की संभावना है।

आधुनिक सुविधाओं से लैस है लॉजिस्टिक्स पार्क

जोगीघोपा एमएमएलपी में माल की हैंडलिंग, भंडारण और परिवहन के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। इनमें वेयरहाउस, रेलवे साइडिंग, कोल्ड स्टोरेज, सीमा शुल्क निकासी केंद्र, यार्ड सुविधाएं, कार्यशाला, पेट्रोल पंप और ट्रक पार्किंग शामिल हैं।

रेल कनेक्टिविटी मजबूत होने से इन सुविधाओं का बेहतर उपयोग संभव होगा और माल परिवहन की क्षमता में वृद्धि होगी। इससे व्यापार, उद्योग और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र को लाभ मिलने के साथ क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।

पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के अनुसार जोगीघोपा एमएमएलपी की बेहतर रेल कनेक्टिविटी पूर्वोत्तर को अंतरराष्ट्रीय व्यापार और क्षेत्रीय संपर्क के लिए एक महत्वपूर्ण रणनीतिक प्रवेश द्वार के रूप में विकसित करने में अहम भूमिका निभा सकती है।