आई आई पी में AI और फार्मेसी के भविष्य पर अंतर्राष्ट्रीय मंथन

आईआईपी में इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस 7 सेइंदौर। इंदौर इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी बायोवेंस सॉल्यूशंस, यूनाइटेड किंगडम के सहयोग से 7-8 अगस्त को ए आई इनेबल्ड ग्लोबल ड्रग डेवलपमेंट इकोसिस्टम, ड्रग डिस्कवरी, क्लिनिकल रिसर्च, रेगुलेटरी साइंस और मरीजों की सुरक्षा में इंटेलिजेंस विषय पर दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है।सम्मेलन में देश-विदेश के शिक्षाविद्, वैज्ञानिक, शोधकर्ता, स्वास्थ्य विशेषज्ञ, फार्मास्युटिकल उद्योग से जुड़े विशेषज्ञ, क्लिनिकल रिसर्च प्रोफेशनल्स, रेगुलेटरी विशेषज्ञ, फार्माकोविजिलेंस विशेषज्ञ तथा विद्यार्थी एक मंच पर एकत्र होकर औषधि विकास एवं स्वास्थ्य सेवाओं भविष्य की दिशा पर व्यापक विचार-विमर्श करेंगे। इस अवसर पर स्पर्श एवं आईआईएसटी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट्स के ग्रुप एडवाइजर अरुण एस. भटनागर ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आज दवा खोज, क्लिनिकल रिसर्च, रेगुलेटरी साइंस और रोगी सुरक्षा सहित संपूर्ण फार्मास्युटिकल क्षेत्र में क्रांतिकारी परिवर्तन ला रहा है। यह अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं, उद्योग विशेषज्ञों, स्वास्थ्य पेशेवरों एवं नियामक संस्थाओं को एक साझा वैश्विक मंच प्रदान करेगा, जहाँ ज्ञान, नवाचार और सहयोग के माध्यम से भविष्य की स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देने पर सार्थक चर्चा होगी। सम्मेलन में औषधि अनुसंधान एवं विकास में उभरती हुई एआई तकनीकों, रेगुलेटरी साइंस, डेटा-आधारित निर्णय प्रणाली, रोगी सुरक्षा, एथिकल एआई तथा भविष्य की चुनौतियों पर विशेषज्ञ अपने विचार साझा करेंगे। सम्मेलन में म.प्र. सहित 300 से अधिक प्रतिभागियों के शामिल होने की संभावना है। सम्मेलन में . मोंटू एम. पटेल, अध्यक्ष, फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया नई दिल्ली, जशुभाई हीराबाई चौधरी, उपाध्यक्ष, फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया तथा डॉ. दीपेन्द्र सिंह, चेयरमैन, एजुकेशन रेगुलेशन कमेटी फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया विशेष रूप से एवं म.प्र.स्टेट फार्मेसी काउंसिल के अध्यक्ष संजय कुमार जैन, फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया के केंद्रीय सदस्य डॉ. नीरज उपमन्यु तथा डॉ. शैलेश जैन भी उपस्थित रहेंगे।