जम्मू मंडल की नई पहल से औद्योगिक विकास को मिलेगा नया आयाम, रेलवे बढ़ाएगा माल ढुलाई का दायरा

जम्मू। उत्तर रेलवे के जम्मू मंडल ने क्षेत्रीय औद्योगिक विकास और रेल माल परिवहन को नई गति देने के लिए एक महत्वपूर्ण और दूरदर्शी पहल शुरू की है। मंडल ने जिला-वार औद्योगिक मानचित्रण, बाजार सर्वेक्षण और संभावित माल लदान केंद्रों की पहचान के लिए प्रतिष्ठित परामर्शदाता एजेंसियों से एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI) आमंत्रित करने का निर्णय लिया है।

इस महत्वाकांक्षी पहल का उद्देश्य जम्मू मंडल के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों में उद्योगों की संभावनाओं का वैज्ञानिक अध्ययन कर रेलवे माल ढुलाई को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना है। इसके तहत औद्योगिक क्लस्टरों की पहचान, वस्तुवार माल परिवहन का आकलन, रेल-सड़क परिवहन का विश्लेषण और नए माल ग्राहकों का व्यापक डेटाबेस तैयार किया जाएगा।

रेलवे का मानना है कि इस अध्ययन के आधार पर नए गुड्स शेड, रेलवे साइडिंग और आधुनिक माल लदान केंद्र विकसित किए जाएंगे, जिससे उद्योगों को तेज, किफायती और विश्वसनीय लॉजिस्टिक्स सुविधा मिलेगी। इससे स्थानीय उद्योगों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक बेहतर पहुंच मिलेगी और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को नई रफ्तार प्राप्त होगी।

यह पहल न केवल रेलवे के माल राजस्व में वृद्धि करेगी, बल्कि सड़क परिवहन पर दबाव कम कर पर्यावरण संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने में भी अहम भूमिका निभाएगी। आधुनिक रेल आधारित लॉजिस्टिक्स से उद्योगों की परिवहन लागत घटेगी और व्यापार को प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त मिलेगी।

उत्तर रेलवे ने औद्योगिक सर्वेक्षण, लॉजिस्टिक्स अध्ययन और बाजार विश्लेषण का अनुभव रखने वाली एजेंसियों को इस परियोजना में भाग लेने का अवसर दिया है। चयनित एजेंसियों को देश के सबसे बड़े सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क के साथ कार्य करने का अवसर मिलेगा, जिससे भविष्य की रेल अवसंरचना और लॉजिस्टिक्स परियोजनाओं में भी नई संभावनाएं खुलेंगी।

जम्मू मंडल, जो जम्मू-कश्मीर के साथ पंजाब और हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों को भी सेवा प्रदान करता है, इस पहल के माध्यम से रेल आधारित माल परिवहन को मजबूत करने, क्षेत्रीय औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को गति देने की दिशा में एक और मजबूत कदम बढ़ा रहा है। यह पहल उद्योग, व्यापार, रोजगार और आर्थिक विकास के लिए मील का पत्थर साबित होने की उम्मीद है।