एसडीएम के आदेश पर राजस्व विभाग व पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, भूमि को कराया कब्जा मुक्त

खेरागढ़। ग्राम ऊँटगिर में भूमि एवं चकरोड पर अवैध कब्जे की शिकायत के बाद उपजिलाधिकारी खेरागढ़ के निर्देश पर राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। जांच के उपरांत अवैध रूप से डाली गई मिट्टी एवं अन्य अवरोध हटवाते हुए भूमि और चकरोड को कब्जा मुक्त कराया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार सतीशचंद्र पुत्र स्वर्गीय नेमीचंद्र ने उपजिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर शिकायत की थी कि मौजा ऊँटगिर में स्थित गाटा संख्या 770 एवं 768 के बीच चकरोड संख्या 769 पर तथा उनकी भूमि में अवैध रूप से मिट्टी डलवाकर रास्ता बनाया जा रहा है। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि ग्राम प्रधान यतेन्द्र सिंह पुत्र महाबीर सिंह निवासी ऊँटगिर अपने गाटा संख्या 772 तक पहुंचने के लिए चकरोड एवं निजी भूमि पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। प्रार्थना पत्र में भूमि पर सोलर लाइट का पैनल गाड़ने तथा अन्य चिन्ह लगाकर कब्जे की कोशिश किए जाने का भी उल्लेख किया गया था।

मामले को गंभीरता से लेते हुए उपजिलाधिकारी ने राजस्व विभाग की टीम गठित कर कानूनगो चुन्नीलाल एवं लेखपाल विकास को कब्जा मुक्त कराने हेतु पुलिस बल के साथ मौके पर भेजा। राजस्व टीम ने मौके पर पहुंचकर भूमि का सत्यापन एवं सीमांकन किया तथा अवैध कब्जे को हटवाने की कार्रवाई की।

जानकारी के अनुसार पैमाइश और कब्जा मुक्त कराने की कार्रवाई को रोकने के लिए प्रधान पक्ष के परिजनों ने कई घंटों तक विवाद कर गतिरोध की स्थिति बनाए रखी। मौके पर तनावपूर्ण माहौल के बीच पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रित रखा। इसी दौरान प्रधान के परिजन मुनेश द्वारा विवाद करने और शांति व्यवस्था भंग करने की स्थिति उत्पन्न करने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर शांति भंग की कार्रवाई की।

बताया जाता है कि उक्त गाटा संख्या में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष के परिजनों की भी भूमि है तथा भाजपा नेता धर्मवीर सिंह सिकरवार प्रधान की भूमि भी इसी क्षेत्र में स्थित बताई जाती है। स्थानीय लोगों के अनुसार इस भूमि पर भी लंबे समय से कब्जा किया गया था, जिसे प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान कब्जा मुक्त कराया गया।

कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम में उपनिरीक्षक रामपाल सिंह, उपनिरीक्षक अखंड प्रताप सिंह, उपनिरीक्षक अजय तोमर एवं महिला उपनिरीक्षक गीता मय पुलिस फोर्स के साथ मौके पर मुस्तैदी से डटे रहे। वहीं भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष के परिजन एवं भाजपा नेता धर्मवीर सिंह सिकरवार भी कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद रहे।

राजस्व एवं पुलिस विभाग की संयुक्त कार्रवाई के बाद भूमि एवं चकरोड को कब्जा मुक्त करा दिया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सरकारी अथवा निजी भूमि पर किसी भी प्रकार के अवैध कब्जे और अतिक्रमण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा तथा ऐसे मामलों में नियमानुसार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।