नन्ही अनिका के कदमों को सहारे की जरूरत, मदद के लिए आगे आए लोग

तीन साल की अनिका के इलाज के लिए 25 लाख रुपये की कमी, घर-घर पहुंची इंदौर की टीम

हरीश सोनी, आलीराजपुर

तीन साल की नन्ही अनिका शर्मा की आंखों में भी दूसरे बच्चों की तरह खेलने, कूदने और अपने पैरों पर चलने का सपना है, लेकिन एसएमए टाइप-2 जैसी दुर्लभ आनुवांशिक बीमारी ने उसके कदम रोक दिए हैं। इलाज के लिए अमेरिका से करीब 9 करोड़ रुपये की लागत वाला इंजेक्शन लाना है। परिजनों के अनुसार, यह उपचार मिलने के बाद अनिका के चल फिर पाने की उम्मीद है। अनिका के पिता प्रवीण शर्मा निजी ट्रैवल कंपनी में कार्यरत हैं, जबकि मां शानू शर्मा गृहिणी हैं। परिवार और सहयोगियों के प्रयासों से इलाज के लिए करीब 9 करोड़ रुपये जुटाए जा चुके हैं, लेकिन अभी 25 लाख रुपये की कमी है। 
इसी राशि को जुटाने के लिए गुरुवार को इंदौर से आई टीम जोबट पहुंची और घर घर जाकर लोगों को अनिका की बीमारी, इलाज की जरूरत और परिवार की स्थिति से अवगत कराते हुए सहयोग की अपील की।

वीडियो देखकर मिली मदद की प्रेरणा
अनिका की मदद के लिए भाबरा, रणापुर, उदयगढ़ और बरझर में भी लोगों ने सहयोग किया। भाबरा के दो भाई राहुल और रोहित जैन टीम के साथ मिलकर सहयोग जुटाने में मदद कर रहे है। राहुल ने सोशल मीडिया पर अनिका की बीमारी और मदद की अपील का वीडियो देखा था। इसके बाद उन्होंने अनिका के पिता से संपर्क कर परिवार की मदद के लिए पहल शुरू की।

अभियान के दौरान भाबरा से 2.15 लाख, रणापुर से 1.40 लाख, उदयगढ़ से 50 हजार और बरझर से 40 हजार रुपये की सहायता जुटाई गई। जोबट में शुभम श्रीवास्तव और उनके साथियों ने भी टीम के साथ घर घर पहुंचकर सहयोग जुटाया। जोबट में एकत्रित राशि की गणना करना बाकी है।

अलीराजपुर में भी मांगी जाएगी मदद
जोबट में अभियान के दौरान थाना प्रभारी विजय वास्कले सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने भी आर्थिक सहयोग किया और लोगों से अनिका के इलाज के लिए आगे आने की अपील की। जोबट के बाद टीम अलीराजपुर जाएगी और वहां भी लोगों से संपर्क कर इलाज के लिए शेष राशि जुटाने का प्रयास करेगी।
अनिका के इलाज के लिए चल रहे इस प्रयास में परिवार को उम्मीद है कि समाज के सहयोग से आर्थिक कमी पूरी होगी और नन्ही अनिका के अपने पैरों पर चलने के सपने को सहारा मिल सकेगा।
फोटो=मध्य में बच्ची अनिका को गोद में लिए माता पिता व राशि जुटाने में सहयोग कर रही टीम