अहमदाबाद मंडल ने सितंबर में 636 करोड़ रुपये की माल आय अर्जित की

अहमदाबाद। पश्चिम रेलवे के अहमदाबाद मंडल ने सितंबर 2026 में माल ढुलाई और परिचालन दक्षता के क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन दर्ज किया है। मंडल ने सितंबर में 636.18 करोड़ रुपये की माल आय अर्जित की, जो पिछले वर्ष के 595.16 करोड़ रुपये की तुलना में करीब सात प्रतिशत अधिक है। इस दौरान कुल 45.59 लाख टन माल का लदान किया गया।

मंडल में सितंबर के दौरान प्रतिदिन औसतन 3,126.93 वैगन लोड किए गए, जो पिछले वर्ष के 3,084 वैगन प्रतिदिन की तुलना में 1.39 प्रतिशत अधिक है। प्रमुख वस्तुओं में कोयले की लोडिंग में 24.02 प्रतिशत, उर्वरक में 61.19 प्रतिशत, नमक एवं औद्योगिक नमक में 7.97 प्रतिशत और ऑटोमोबाइल में 5.03 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।

अहमदाबाद मंडल ने सितंबर में 118 लॉन्ग हॉल ट्रेनें संचालित कीं, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 78 ट्रेनें चली थीं। इस तरह लॉन्ग हॉल ट्रेनों के संचालन में 51.28 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। गांधीधाम क्षेत्र में ही 95 लॉन्ग हॉल ट्रेनों का गठन किया गया।

30 सितंबर को एक दिन में 90 रेक और 3,899 वैगन की लोडिंग कर मंडल ने वित्त वर्ष 2026-27 का अब तक का सर्वाधिक दैनिक प्रदर्शन दर्ज किया। इसमें अहमदाबाद क्षेत्र से 27 रेक और 1,110 वैगन तथा गांधीधाम क्षेत्र से 63 रेक और 2,789 वैगन शामिल रहे।

सितंबर में शिवलखा स्थित गति शक्ति कार्गो टर्मिनल से पहली बार कंटेनर रेक के माध्यम से मिरज के लिए लोडिंग की गई। इस रेक से 32.32 लाख रुपये का अतिरिक्त राजस्व प्राप्त हुआ। वहीं 23 सितंबर को सामाख्याली में सीएमएस कियोस्क भी शुरू किया गया।

परिचालन के क्षेत्र में भी मंडल ने बेहतर प्रदर्शन किया। मालगाड़ियों की औसत गति 14.93 किलोमीटर प्रति घंटा रही, जो पिछले वर्ष के मुकाबले 13.28 प्रतिशत अधिक है। मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों का समयपालन 96.58 प्रतिशत रहा। सितंबर में 6,397 कोचिंग ट्रेनें संचालित की गईं तथा यात्रियों की सुविधा के लिए विभिन्न ट्रेनों में 429 अतिरिक्त कोच लगाए गए।

इंटरचेंज परिचालन में भी 9.23 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। अहमदाबाद मंडल का औसत इंटरचेंज 226.10 ट्रेन प्रतिदिन रहा, जबकि समर्पित माल गलियारा बिंदुओं पर यह आंकड़ा 103.14 ट्रेन प्रतिदिन रहा।

इसके अलावा सितंबर में साबरमती रेलवे स्टेशन से देश की पहली डीजल-एलएनजी दोहरे ईंधन प्रणाली वाली एलएनजी संचालित ट्रेन का शुभारंभ किया गया। मंडल की ये उपलब्धियां माल ढुलाई बढ़ाने, परिचालन दक्षता सुधारने, नए व्यावसायिक अवसर विकसित करने और यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में अहम मानी जा रही हैं।