सियालदह मंडल ने 80वें स्वतंत्रता दिवस पर गिनाईं उपलब्धियां, सुरक्षा और यात्री सुविधाओं में किया बेहतर प्रदर्शन

सियालदह मंडल ने 80वें स्वतंत्रता दिवस पर गिनाईं उपलब्धियां, सुरक्षा और यात्री सुविधाओं में किया बेहतर प्रदर्शन

कोलकाता। 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सियालदह मंडल में देशभक्ति और उत्साह के साथ स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया। शनिवार, 15 अगस्त को सियालदह स्थित मंडल रेल प्रबंधक खेल मैदान में आयोजित समारोह में मंडल रेल प्रबंधक राजीव सक्सेना ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद रेलवे सुरक्षा बल की समारोहिक परेड का निरीक्षण किया गया। रेलवे कर्मचारियों और पूर्व रेलवे महिला कल्याण संगठन की चहक अकादमी के बच्चों ने देशभक्ति गीतों एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी।

समारोह को संबोधित करते हुए मंडल रेल प्रबंधक राजीव सक्सेना ने स्वतंत्रता संग्राम के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रयासों की सराहना करते हुए बताया कि रेलवे बोर्ड के नवीनतम प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों में सियालदह मंडल ने पूर्व रेलवे के सभी मंडलों में प्रथम तथा देशभर में 10वां स्थान हासिल किया है।

81 करोड़ यात्रियों को दी सेवाएं

सियालदह मंडल ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में अपने इतिहास में अब तक के सर्वाधिक करीब 81 करोड़ यात्रियों को सेवाएं प्रदान कीं। मंडल ने मेल, एक्सप्रेस और उपनगरीय रेल नेटवर्क में करीब 95 प्रतिशत समयपालन बनाए रखा। उपनगरीय रेल सेवाओं को मजबूत करने के लिए 15 नई ईएमयू सेवाएं शुरू की गईं, जिनमें सियालदह-बारासात वातानुकूलित ईएमयू की जोड़ी भी शामिल है। इसके बाद मंडल में प्रतिदिन संचालित उपनगरीय सेवाओं की संख्या बढ़कर 942 हो गई है।

सियालदह स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ और आवाजाही को सुगम बनाने के लिए पांचवें केंद्रीय द्वार को भी चालू किया गया है। वहीं बसुलडांगा, भगवानगोला और जियागंज स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म की ऊंचाई बढ़ाने और विस्तार के कार्य प्रगति पर हैं।

माल ढुलाई और राजस्व में भी बढ़ोतरी

मंडल ने माल ढुलाई के क्षेत्र में भी बेहतर प्रदर्शन किया। मालभाड़ा राजस्व में 29.8 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई और 23 लाख टन की रिकॉर्ड लोडिंग हासिल हुई। औसत मालगाड़ी गति में भी 22.1 प्रतिशत की वृद्धि हुई। गैर-किराया राजस्व दोगुना होकर 6.70 करोड़ रुपये पहुंच गया, जबकि स्क्रैप बिक्री से 75.23 करोड़ रुपये की आय हुई।

शून्य दुर्घटना के साथ सुरक्षा पर जोर

यात्री और रेल परिचालन सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए मंडल ने शून्य गंभीर रेल दुर्घटनाओं का रिकॉर्ड कायम रखा और सेफ्टी शील्ड बरकरार रखी। सुरक्षा एवं बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए ट्रैक नवीनीकरण, पुलों के पुनर्गर्डरिंग तथा 183 किलोमीटर क्षेत्र में सेक्शनल गति बढ़ाकर 110 किलोमीटर प्रति घंटा करने जैसे कार्य किए गए।

प्लासी और बहरामपुर कोर्ट स्टेशनों पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग स्थापित की गई। पारंपरिक मेमू ट्रेनों में कवच के प्रथम चरण का एकीकरण, 42 स्टेशनों पर स्वचालित अग्नि चेतावनी प्रणाली और सिग्नल पासिंग जोखिम को कम करने के लिए वर्चुअल रोड लर्निंग सिम्युलेटर की तैनाती भी की गई।

आरपीएफ के अभियानों से यात्रियों को राहत

यात्री सुरक्षा को मजबूत करने के लिए निर्भया पहल के तहत 127 स्टेशनों पर पैनिक बटन सहित सीसीटीवी प्रणाली स्थापित की गई है। रेलवे सुरक्षा बल ने भी विभिन्न अभियानों के माध्यम से उल्लेखनीय कार्य किया। नन्हे फरिश्ते अभियान के तहत 110 बच्चों को सुरक्षित बचाया गया, जबकि अमानत अभियान के तहत 491 गुम हुए बैग उनके मालिकों तक पहुंचाए गए। नारको अभियान के तहत 2.15 करोड़ रुपये मूल्य की मादक एवं प्रतिबंधित सामग्री जब्त की गई।

कर्मचारियों और स्वास्थ्य सुविधाओं पर भी जोर

मंडल में कर्मचारी कल्याण के तहत 5,000 से अधिक पदोन्नतियां दी गईं। शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए ई-नियम बॉट और समाधान जैसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित शिकायत निवारण पोर्टल शुरू किए गए। बी.आर. सिंह अस्पताल में 75 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक मेट्रो ब्लॉक की स्वीकृति भी प्रदान की गई है।

पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में मंडल ने पूर्व रेलवे की 30 मिनट स्वच्छता चुनौती में बेहतर प्रदर्शन किया। वहीं मंडल के खिलाड़ियों ने विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में राष्ट्रीय स्तर पर पदक और स्वर्ण पदक जीतकर सियालदह मंडल का नाम रोशन किया।

समारोह के अंत में मंडल रेल प्रबंधक राजीव सक्सेना ने अधिकारियों, कर्मचारियों और पूर्व रेलवे महिला कल्याण संगठन के सदस्यों के निरंतर समर्पण के लिए आभार जताया। उन्होंने स्वच्छता अभियान, वृक्षारोपण और राहत वितरण सहित सामाजिक कल्याण कार्यों में संगठन के योगदान की सराहना करते हुए सभी से राष्ट्रसेवा में निरंतर उत्कृष्ट योगदान देने का आह्वान किया।