हल्की बारिश और ठंडी हवाओं के बीच जारी रही माता वैष्णो देवी यात्रा, श्रद्धालुओं को गर्मी से मिली राहत

हल्की बारिश और ठंडी हवाओं के बीच जारी रही माता वैष्णो देवी यात्रा, श्रद्धालुओं को गर्मी से मिली राहत

माता वैष्णो देवी की यात्रा पर पहुंचे श्रद्धालुओं के लिए मंगलवार का दिन राहत भरा रहा। सुबह से हुई हल्की बारिश और ठंडी हवाओं के चलते मौसम सुहावना बना रहा, जिससे भीषण गर्मी से परेशान यात्रियों को काफी राहत मिली। मौसम खुशनुमा होने के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं दिखी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु लगातार भवन की ओर बढ़ते रहे।

मंगलवार सुबह कटड़ा में हल्की फुहारों का दौर शुरू हुआ, जो दोपहर तक रुक-रुक कर जारी रहा। बारिश के कारण पूरे क्षेत्र का मौसम बेहद सुहाना हो गया। त्रिकुट पर्वत पर छाए बादल श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बने रहे। ठंडी हवाओं के बीच श्रद्धालु माता के जयकारे लगाते हुए भवन की ओर बढ़ते नजर आए।

मौसम में बदलाव का असर यात्रा सुविधाओं पर भी आंशिक रूप से देखने को मिला। कटड़ा से संचालित हेलिकॉप्टर सेवा बीच-बीच में प्रभावित हुई, हालांकि दिन के अधिकांश समय यह सेवा सामान्य रूप से जारी रही। वहीं बैटरी कार, रोपवे, घोड़ा, पिट्ठू और पालकी जैसी अन्य सुविधाएं बिना किसी बाधा के संचालित होती रहीं।

श्रद्धालुओं की लगातार बढ़ती संख्या के कारण भवन परिसर में दर्शन के लिए लंबी कतारें देखने को मिलीं। इसके बावजूद श्रद्धालुओं के चेहरों पर माता के दर्शन की उत्सुकता साफ दिखाई दी। यात्रा मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। श्राइन बोर्ड, पुलिस विभाग, Central Reserve Police Force, आपदा प्रबंधन दल सहित अन्य एजेंसियों के अधिकारी विभिन्न स्थानों पर तैनात रहकर लगातार निगरानी करते रहे।

कटड़ा स्थित इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से भी यात्रा पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन की ओर से भवन में दर्शन कर चुके श्रद्धालुओं से वापस कटड़ा लौटने की अपील की जा रही है ताकि भीड़ प्रबंधन सुचारु बना रहे।

आंकड़ों के अनुसार 15 जून को 48,500 श्रद्धालुओं ने माता वैष्णो देवी के दरबार में हाजिरी लगाई थी, जबकि 16 जून को शाम 5 बजे तक करीब 37 हजार श्रद्धालु पंजीकरण करवाकर भवन की ओर रवाना हो चुके थे। श्रद्धालुओं का आगमन लगातार जारी है और यात्रा पूरी तरह सुचारु रूप से संचालित हो रही है।

मौसम में बदलाव और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच भी माता के दरबार में आस्था का सैलाब लगातार उमड़ रहा है।