टीटीई की ईमानदारी: ट्रेन में छूटा 2.42 लाख नकद व लैपटॉप यात्री को सुरक्षित लौटाया

टीटीई की ईमानदारी: ट्रेन में छूटा 2.42 लाख नकद व लैपटॉप यात्री को सुरक्षित लौटाया

यात्री ने रेलवे स्टाफ की तत्परता व सामाजिक सरोकार की प्रशंसा की

जोधपुर। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल में एक बार फिर रेलवे कर्मचारियों की ईमानदारी और जिम्मेदारी देखने को मिली है। ट्रेन में भूलवश छूटा एक यात्री का बैग, जिसमें 2.42 लाख रुपए नकद, लैपटॉप, पर्स व महत्वपूर्ण दस्तावेज रखे थे, रेलवे स्टाफ की तत्परता से सुरक्षित यात्री को वापस मिल गया।

उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के सीनियर डीसीएम हितेश यादव ने बताया कि जोधपुर निवासी राहुल छाजेड़ पुत्र विमल कुमार ने 7 अप्रैल को ट्रेन संख्या 14888 बाड़मेर-ऋषिकेश एक्सप्रेस के सेकंड एसी कोच A-1 की सीट नंबर 11 पर बाड़मेर से जोधपुर तक यात्रा की थी। जोधपुर स्टेशन पर उतरने के बाद उन्हें याद आया कि उनका लैपटॉप बैग ट्रेन में ही छूट गया है।

इसके बाद यात्री ने तुरंत जोधपुर रेलवे स्टेशन के उप अधीक्षक (वाणिज्य) मान सिंह राठौड़ को सूचना दी और बताया कि बैग में 2.42 लाख नकद, लैपटॉप, पर्स व अन्य जरूरी दस्तावेज हैं।

सूचना मिलते ही ट्रेन में जोधपुर से ड्यूटी पर सवार हुए कंडक्टर टीटीआई कन्हैयालाल खटीक ने तुरंत संबंधित कोच व सीट पर जाकर जांच की और बैग को सुरक्षित अपने कब्जे में ले लिया। बैग में रखी नकदी और सामान की पुष्टि करते हुए तत्काल इसकी सूचना अधिकारियों को दी गई। उस समय तक ट्रेन गोटन स्टेशन पहुंच चुकी थी।

बुधवार को ट्रेन के जोधपुर लौटने पर टीटीआई कन्हैयालाल खटीक ने यात्री को बुलाकर पहचान सत्यापन किया और पूरा सामान सही-सलामत यात्री को सुपुर्द कर दिया। इस कार्य से टीटीई की ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना हो रही है। बताया गया कि टीटीआई कन्हैयालाल इससे पहले भी ऐसे सराहनीय कार्य कर चुके हैं।

रेलवे निभा रहा सामाजिक सरोकार

सीनियर डीसीएम हितेश यादव ने कहा कि मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी के नेतृत्व में टिकट चेकिंग स्टाफ न केवल ड्यूटी निभा रहा है, बल्कि सामाजिक सरोकारों का भी पूर्ण रूप से निर्वहन कर रहा है। उन्होंने बताया कि यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है और स्टाफ की सजगता से ही यात्री का कीमती सामान सुरक्षित वापस मिल सका।

वहीं, यात्री राहुल छाजेड़ ने रेलवे स्टाफ की तत्परता और ईमानदारी की सराहना करते हुए धन्यवाद व्यक्त किया।