आदरज मोटी–विजापुर रेलखंड का सीआरएस पश्चिम सर्कल द्वारा संरक्षा निरीक्षण किया गया

पश्चिम रेलवे के अहमदाबाद मंडल के आदरज मोटी?विजापुर रेलखंड (39.75 किमी) का गेज परिवर्तन कार्य सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया है। इस रेलखंड का संरक्षा निरीक्षण (सेफ्टी इंस्पेक्शन) रेल संरक्षा आयुक्त (CRS), पश्चिम सर्कल द्वारा 29 एवं 30 दिसंबर 2025 को किया गया।

इस निरीक्षण टीम में ई. श्रीनिवास, रेल सुरक्षा आयुक्त (CRS) (पश्चिम सर्कल),वेद प्रकाश, मण्डल रेल प्रबंधक अहमदाबाद,प्रदीप गुप्ता, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण), मुख्य ट्रैक इंजीनियर, मुख्य परिचालन प्रबंधक (जी) तथा निर्माण और ओपन लाइन विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे।

30 दिसंबर 2025 को आदरज मोटी?विजापुर सेक्शन में नई परिवर्तित ब्रॉड गेज रेलवे लाइन पर 120 किमी प्रति घंटे की गति से स्पीड ट्रायल सफलतापूर्वक सम्पन्न किया गया। इस दौरान लगभग 40 किमी की दूरी मात्र 20 मिनट में तय की गई।

रेल संरक्षा आयुक्त (CRS) द्वारा इस परिवर्तित ब्रॉडगेज रेल लाइन को यात्री यातायात के लिए खोलने से पहले ट्रैक की गुणवत्ता, सिग्नलिंग, ब्रिज, ओवरहेड इलेक्ट्रिक (OHE) सिस्टम, सुरक्षा मानकों और ट्रेन की अधिकतम सुरक्षित गति की पूरी तरह से जांच की गई, जिसमें ट्रैक फिटिंग, बैलास्ट, सिग्नलिंग इंटरलॉकिंग, OHE की ऊंचाई और अन्य सभी सुरक्षा-संबंधी पहलुओं को सुनिश्चित किया गया।

इस रेलखंड में कुल 01 मेजर ब्रिज, 44 माइनर ब्रिज तथा 35 रोड अंडर ब्रिज (RUB) का निर्माण किया गया है तथा इस रेलखंड में आदरज मोटी, रांधेजा, उनावा?वासन, मकाखड़, लोदरा एवं विजापुर स्टेशन शामिल हैं।

आदरज मोटी वर्तमान में एक विद्यमान द्वि-गेज जंक्शन स्टेशन है, जहाँ से आदरज मोटी?गांधीनगर?अहमदाबाद (ब्रॉड गेज) तथा आदरज मोटी?कड़ी?कटोसन (ब्रॉड गेज) लाइनें जुड़ी हुई हैं। गेज परिवर्तन से पूर्व आदरज मोटी?विजापुर एक पृथक मीटर गेज खंड था, जो अब ब्रॉड गेज में परिवर्तित होकर एकीकृत रेल नेटवर्क का हिस्सा बन गया है।

इस गेज परिवर्तन परियोजना से आदरज मोटी?विजापुर के बीच एकीकृत ब्रॉड गेज रेल प्रणाली उपलब्ध होगी। इससे क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे, सामाजिक, सांस्कृतिक एवं आर्थिक विकास को गति मिलेगी तथा पर्यावरण?अनुकूल, सतत और तेज़ रेल संपर्क सुनिश्चित होगा। बेहतर परिवहन सुविधा से दैनिक यात्रियों, पर्यटकों एवं व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्रीय आर्थिक एकीकरण को मजबूती प्राप्त होगी।