5 हजार की रिश्वत पर फंसा लेखपाल गिरफ्तारी के बाद कोतवाली में बवाल एंटी करप्शन टीम से भिड़े साथी

बरेली। सदर तहसील में एंटी करप्शन की टीम ने लेखपाल विपिन पटेल को कथित तौर पर 5 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई की खबर फैलते ही तहसील में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में लेखपाल कोतवाली पहुंचकर विरोध प्रदर्शन पर उतर आए। देखते ही देखते माहौल इतना गर्म हो गया कि एंटी करप्शन टीम की गाड़ी रोकने की कोशिश तक की गई। जानकारी के मुताबिक एक किसान ने लेखपाल पर रिश्वत मांगने की शिकायत एंटी करप्शन टीम से की थी। शिकायत के आधार पर टीम ने जाल बिछाया और सदर तहसील में कार्रवाई करते हुए लेखपाल विपिन पटेल को पकड़ लिया। टीम आरोपी को लेकर जैसे ही कोतवाली पहुंची, वहां पहले से जुटे लेखपालों ने हंगामा शुरू कर दिया। कोतवाली में नारेबाजी, पुलिस से तीखी नोकझोंक गिरफ्तारी से नाराज लेखपालों ने कार्रवाई को गलत बताते हुए जोरदार विरोध शुरू कर दिया। इस दौरान पुलिस और लेखपालों के बीच तीखी बहस और धक्का-मुक्की जैसी स्थिति भी बनी। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने अतिरिक्त फोर्स बुला ली। भारी सुरक्षा के बीच आरोपी लेखपाल को वहां से रवाना किया गया। काफी देर तक कोतवाली परिसर में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बना रहा। लेखपाल संघ ने पूरे मामले को साजिश बताते हुए एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई पर सवाल खड़े किए हैं। संघ का आरोप है कि बिना ठोस साक्ष्य के लेखपाल को जबरन फंसाया गया है। उनका कहना है कि पूरी कार्रवाई को रिश्वतखोरी का रंग देने की कोशिश की गई। प्रत्यक्षदर्शी ने खोले नए सवाल मामले में प्रत्यक्षदर्शी सुरेश चंद्र का बयान भी सामने आया है। सुरेश चंद्र के मुताबिक वह अपनी जमीन से जुड़े काम के लिए तहसील पहुंचे थे। उन्होंने दावा किया कि लेखपाल सामान्य तरीके से कार्यालय में काम कर रहे थे, तभी 5 से 7 लोग अचानक पहुंचे और उन्हें कुर्सी से खींच लिया। सुरेश चंद्र ने आरोप लगाया कि लेखपाल के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट भी की गई। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी आंखों से किसी को रिश्वत देते हुए नहीं देखा। घटना के बाद लेखपाल संघ पूरी तरह लामबंद हो गया है। संघ ने चेतावनी दी है कि अगर मामले की निष्पक्ष जांच नहीं कराई गई तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। उधर, एंटी करप्शन टीम अपनी कार्रवाई को सही बता रही है। फिलहाल पूरे घटनाक्रम को लेकर प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज है और जिलेभर में इसी मामले की चर्चा हो रही है।