एटा/जलेसर: भाकियू (किसान) ने उपजिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन, 6 सूत्रीय मांगों को लेकर दी आंदोलन की चेतावनी।

*एटा/जलेसर: भाकियू (किसान) ने उपजिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन, 6 सूत्रीय मांगों को लेकर दी आंदोलन की चेतावनी।*


जलेसर/एटा:

भारतीय किसान यूनियन (किसान) के प्रदेश महासचिव प्रत्येन्द्र शाह सिसोदिया के नेतृत्व में आज उपजिलाधिकारी जलेसर सुश्री भावना विमल को किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा। संगठन ने 6 सूत्रीय मांगों के समाधान की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो 27 अप्रैल को विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से मांग की गई कि प्राइवेट स्कूलों में एनसीईआरटी की पुस्तकों को अनिवार्य रूप से लागू किया जाए, जिससे अभिभावकों और किसानों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ कम हो सके।
इसके अलावा नगला भिखारी भोजपुर क्षेत्र में सिंचाई विभाग की नहर के पास सरकारी भूमि पर हो रहे अवैध मिट्टी खनन का मुद्दा भी उठाया गया। किसानों का कहना है कि इससे भविष्य में नहर कटाव का खतरा बढ़ गया है, जिससे फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका है।
संगठन ने आरोप लगाया कि विभिन्न तहसीलों, विशेषकर जलेसर में बिना सुविधा शुल्क के किसानों के कार्य नहीं किए जाते, जिससे आम किसान परेशान हैं। साथ ही ब्लॉक स्तर पर फर्जी भुगतान जैसी अनियमितताओं की भी शिकायत की गई। विद्युत विभाग द्वारा किसानों के घरों में बिना सहमति स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगाई जाए।
भाकियू (किसान) ने प्रशासन से इन सभी समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की है। संगठन ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो 27 अप्रैल को बड़ा धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। जिसकी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। मौके पर नरेंद्र कुशवाह, नवनीत दीक्षित,कमल सिंह कुशवाह,मनोज ,अमन कुमार , चाहत खान ,गौरव के अलावा अन्य कई लोग मौजूद रहे।


रिपोर्ट: रमेश जादौन एटा।