उत्तर मध्य रेलवे के माल लदान ने पकड़ी रफ्तार, पांच महीने में 8.2 प्रतिशत की रिकॉर्ड वृद्धि

उत्तर मध्य रेलवे के माल लदान ने पकड़ी रफ्तार, पांच महीने में 8.2 प्रतिशत की रिकॉर्ड वृद्धि

एक सीजन में 100 से अधिक मक्का रेक लदान कर हासिल की ऐतिहासिक उपलब्धि, अनाज लदान में भी 59.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी

प्रयागराज। उत्तर मध्य रेलवे ने माल ढुलाई के क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए चालू वित्त वर्ष 2026-27 के शुरुआती पांच महीनों में माल लदान में 8.2 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज की है। अप्रैल से अगस्त 2026 के दौरान उत्तर मध्य रेलवे ने कुल 90.15 लाख टन माल का लदान किया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह आंकड़ा 83.31 लाख टन था।

अकेले अगस्त 2026 में 17.71 लाख टन माल का लदान हुआ, जो अगस्त 2025 में दर्ज 15.96 लाख टन की तुलना में 11 प्रतिशत अधिक है।

मक्का लदान में बनाया नया रिकॉर्ड

उत्तर मध्य रेलवे के माल लदान में अनाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही। अनाज के लदान में पिछले वर्ष की तुलना में 59.6 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। अप्रैल से अगस्त के दौरान अनाज लदान 4.70 लाख टन से बढ़कर 7.50 लाख टन पहुंच गया।

इस उपलब्धि में जून से अगस्त के बीच 100.5 मक्का रेक का लदान प्रमुख रहा। प्रयागराज मंडल के मैनपुरी, एटा, हाथरस जंक्शन और शिकोहाबाद स्टेशनों से बड़ी मात्रा में मक्के का लदान किया गया।

नए माल के लदान से बढ़ा दायरा

उत्तर मध्य रेलवे ने नए माल के लदान के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। रेलवे की स्थापना के बाद पहली बार झांसी मंडल के महाराजा छत्रसाल स्टेशन से डोलोमाइट का लदान शुरू हुआ। अप्रैल 2026 से अब तक यहां 26 रेक यानी 1.03 लाख टन डोलोमाइट का लदान किया जा चुका है।

इसी तरह झांसी मंडल के बरुआ सागर स्टेशन से पहली बार लौह अयस्क का लदान भी सफलतापूर्वक शुरू किया गया है।

सीमेंट और कंटेनर लदान में भी बढ़ोतरी

उत्तर मध्य रेलवे के अनुसार विभिन्न प्रमुख माल श्रेणियों में भी बेहतर प्रदर्शन दर्ज किया गया। सीमेंट लदान में 10.3 प्रतिशत, पत्थर एवं गिट्टी में 21.4 प्रतिशत, कंटेनर लदान में 10 प्रतिशत तथा डी-ऑयल्ड केक के लदान में 24.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई।

प्रयागराज मंडल सबसे आगे

मंडलवार प्रदर्शन में प्रयागराज मंडल ने सबसे शानदार वृद्धि दर्ज की। अप्रैल से अगस्त के दौरान मंडल ने 36.70 लाख टन माल का लदान किया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के 28.52 लाख टन की तुलना में 28.7 प्रतिशत अधिक है। यह निर्धारित 35.90 लाख टन के लक्ष्य से भी 2.2 प्रतिशत अधिक रहा।

अगस्त में प्रयागराज मंडल ने 6.93 लाख टन माल लदान किया, जो पिछले वर्ष अगस्त की तुलना में 23.5 प्रतिशत अधिक है।

झांसी मंडल ने अप्रैल-अगस्त के दौरान 40.63 लाख टन लदान दर्ज किया, जो पिछले वर्ष के 38.71 लाख टन की तुलना में 5 प्रतिशत अधिक है। अगस्त में मंडल का लदान 7.85 लाख टन रहा, जिसमें 14.4 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज हुई।

वहीं आगरा मंडल ने अप्रैल-अगस्त के दौरान 12.82 लाख टन और अगस्त महीने में 2.93 लाख टन माल लदान में योगदान दिया।

बेहतर योजना और ग्राहक संतुष्टि बनी सफलता की कुंजी

उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह ने इस उपलब्धि का श्रेय पूरी टीम को देते हुए कहा कि माल लदान में लगातार हो रही वृद्धि बेहतर योजना, सक्रिय परिचालन और ग्राहकों की संतुष्टि के प्रति प्रतिबद्धता का परिणाम है।

उन्होंने बताया कि बेहतर मार्ग उपयोग, रेक प्रबंधन, टर्नअराउंड समय में कमी, माल ढुलाई ग्राहकों के साथ निरंतर संवाद और मंडलों के बीच बेहतर तालमेल ने इस वृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

उत्तर मध्य रेलवे ने कहा कि वित्त वर्ष के शुरुआती पांच महीनों में मिली इस मजबूत गति को आगे भी बनाए रखते हुए माल ढुलाई ग्राहकों के साथ साझेदारी को और मजबूत किया जाएगा तथा आने वाले महीनों में माल लदान के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करने का प्रयास जारी रहेगा।