पंचायत सचिव के बिगड़े बोल नही रहा प्रशासन का खौफ

रायबरेली। ऊंचाहार-विकासखंड रोहनिया में कार्यरत पंचायत सचिव अंकित गुप्ता के कारनामों का मामला प्रकाश में आया है।वर्षों से कार्यरत पंचायत सचिव अपनी मनमानी करने में कुछ ज्यादा ही दिलचस्पी रखने लगे हैं। इन्हें शासन-प्रशासन का कोई खौफ नहीं है।बताते चलें कि वर्तमान समय में ग्राम सभा छतौना मरियानी में इंटरलॉकिंग का कार्य चल रहा है।जिसमें घटिया किस्म की सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है। इस संबंध में जब पंचायत सचिव अंकित गुप्ता से जानकारी लेनी चाही तब बात करने से इंकार कर दिया और बड़े ही रौब में जवाब दिया कि शाम को बात करेंगे अभी फोन रखो,ऐसे में अंदाजा लगाया जा सकता है कि इन्हें प्रशासन का कोई डर नहीं है। पंचायत सचिव अंकित गुप्ता ग्राम सभाओं में होने वाले कार्यों में बंदरबांट करने में बड़े माहिर हैं।जिससे वह किसी को भी जवाब देना उचित नहीं समझते।विगत वर्षों में रोहनिया विकासखंड के अंतर्गत जितने भी ग्राम सभाओं का कार्यभार सौंपा गया है।उन ग्राम सभाओं में कराए गए कार्यों की जांच की जाए तो कई कार्य ऐसे भी मिलेंगे जोकि दस्तावेजों में दर्ज है। लेकिन धरातल पर वह कार्य नही हुए है। जो हुए भी उनमें भी अनियमितताएं देखने को मिलेंगी।यही नहीं अपात्रों को आवास योजना का लाभ दिया जा चुका है और पात्रों को लाभ से वंचित रखा गया है।ऐसे में यदि ग्राम सभाओं में जांच कराई जाए तो पंचायत सचिव अंकित गुप्ता का पर्दाफाश हो सकता है।