शिखर' के पुस्तक

प्रमोद गुप्ता 9005392789

सोनभद्र- वाराणसी में एनटीपीसी के सहायक प्रबंधक (मानव संसाधन) डॉ. मिथिलेश कुमार श्रीवास्तव 'शिखर' के पुस्तक "काशी के चौरासी" उर्फ "शिखर बनारस के घाट" का विमोचन संकटमोचन मंदिर के प्रतिष्ठित महंत एवं आई आई टी बी एच यू के प्रो. विश्वम्भर नाथ मिश्र के करकमलों द्वारा आयोजित एक समारोह में संपन्न हुआ।

कवि, लेखक एवं साहित्यकार के रूप में ख्यातिलब्ध रचनाकार ने बनारस के सभी घाटों का सचित्र वर्णन अपनी पुस्तक "काशी के चौरासी" में क्रमवार संजोया है।

शिखर की कई काव्य और कहानी संग्रह प्रकाशित हो चुकी हैं परन्तु इस पुस्तक में काशी के सभी घाटों को चित्रित कर अलग स्वरूप दिया गया है।

यह पुस्तक देश-विदेश से आने वाले भक्तों एवं पर्यटकों के लिए मार्गदर्शक का कार्य करेगी।

गोस्वामी तुलसीदास की साहित्यिक तपस्थली तुलसी घाट पर आयोजित उक्त कार्यक्रम में विमोचन के उपरांत मुख्य अतिथि श्री मिश्र ने इस पुस्तक को तीर्थयात्रियों एवं पर्यटकों के लिए उपयोगी बताया।

उन्होंने इसे और भी अधिक विस्तृत रुप में प्रकाशित करने तथा अंग्रेजी एवं दक्षिण भारत के अन्य भाषाओं में भी प्रकाशित करने का सुझाव दिया। उन्होंने यह भी इच्छा जाहिर की कि एक टीम बनाकर काशी के साहित्यिक विकास के लिए विशेष कार्य करें।

वहीं विमोचन के पूर्व पुस्तक के रचनाकार 'शिखर' जी ने मुख्य अतिथि श्री मिश्र का माल्यार्पण एवं अंगवस्त्रम् से अभिनन्दन किया। एनटीपीसी उत्तरी क्षेत्र मुख्यालय में सहायक प्रबंधक (मानव संसाधन) के पद पर कार्यरत डॉ. मिथिलेश कुमार श्रीवास्तव 'शिखर' द्वारा रचित उक्त पुस्तक का प्रकाशन नोएडा के अंकुर प्रकाशन द्वारा किया गया है।

विमोचन के इस शुभ अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे दक्षिण भारत हिंदी प्रचार सभा के पूर्व कुलपति प्रो. राम मोहन पाठक, प्रो. दया शंकर त्रिपाठी, वरिष्ठ पत्रकार मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी, राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित पूर्व शिक्षक एवं किशोर न्याय बोर्ड सदस्य ओमप्रकाश त्रिपाठी, सोन साहित्य संगम सोनभद्र के संयोजक राकेश शरण मिश्र, मिर्जापुर से आनंद 'अमित', डॉ. आनंद कुमार श्रीवास्तव, प्रदीप उपाध्याय, रुपेश नागवंशी, हिमांशु मिश्र एवं अशोक पाण्डेय का भी अंगवस्त्रम से अभिनंदन किया गया।

सभी वक्ताओं ने पुस्तक की उपादेयता पर प्रकाश डाला।

अपने अध्यक्षीय संबोधन में प्रो. पाठक ने काशी के अन्य विषयों पर पुस्तक लिखने का सुझाव दिया।

कार्यक्रम का संचालन सोनभद्र से पधारे राकेश शरण मिश्र ने तथा आभार ज्ञापन डॉ. मिथिलेश कुमार श्रीवास्तव ने की।

( डॉ. मिथिलेश कुमार श्रीवास्तव 'शिखर')

सहायक प्रबंधक (मानव संसाधन)

एनटीपीसी, रथयात्रा, वाराणसी